किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग द्वारा किसानों की आय बढ़ाने और मौसम की अनिश्चितताओं से फसल को बचाने चलाए जा रहे ' फसल विविधीकरण ' अभियान के सकारात्मक परिणाम अब धरातल पर नजर आने लगे हैं। इसका एक अच्छा उदाहरण मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के अंतर्गत आज शुक्रवार को विकासखंड पाटन के ग्राम जरौंद में देखने मिला, जहाँ क्षेत्र भ्रमण के दौरान उप संचालक कृषि उमेश कटहरे के नेतृत्व में पहुँचे कृषि अधिकारियों ने कृषक रामविशाल पटेल के खेत में तिल फसल के प्रदर्शन का जायजा लिया।
इस दौरान परियोजना संचालक (आत्मा) डॉ. इंदिरा त्रिपाठी ने मौके पर मौजूद किसानों को राम विशाल पटेल की सफलता का उदाहरण देते हुए परंपरागत खेती से हटकर वैकल्पिक और लाभदायक फसलों को अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया।
खास बातें
- कृषक राम विशाल पटेल ने बताया कि पिछले वर्षों में धान की खेती के दौरान कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता था।
- असमान और अप्रत्याशित मानसून के इस दौर में कम पानी और कम लागत में बेहतर उत्पादन देने वाली ' गुजरात तिल 6 ' प्रजाति किसानों के लिए एक बेहतरीन विकल्प बनकर उभरी है।
- किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग के इस सफल प्रदर्शन और राम विशाल पटेल की पहल को देखकर क्षेत्र के अन्य किसान भी अब फसल विविधीकरण की ओर आकर्षित हो रहे हैं।
किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग के मार्गदर्शन और प्रोत्साहन पर कृषक राम विशाल पटेल ने इस सीजन में पारंपरिक फसलों के बजाय फसल चक्र में बदलाव कर विभाग द्वारा उपलब्ध कराई गई उच्च गुणवत्ता वाली किस्म ' गुजरात तिल 6 ' ( जीटी -6) की 2.5 एकड़ के बड़े रकबे में बोनी की है।
कृषक राम विशाल पटेल ने बताया कि पिछले वर्षों में धान की खेती के दौरान कई तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ता था। इस बार मानसून में हुई असमान वर्षा के बावजूद मेरी तिल की फसल पर कोई खास नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ा है। पारंपरिक फसलों की तुलना में यह काफी सुरक्षित और कम लागत वाली साबित हो रही है।
असमान और अप्रत्याशित मानसून के इस दौर में कम पानी और कम लागत में बेहतर उत्पादन देने वाली ' गुजरात तिल 6 ' प्रजाति किसानों के लिए एक बेहतरीन विकल्प बनकर उभरी है। किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग के इस सफल प्रदर्शन और राम विशाल पटेल की पहल को देखकर क्षेत्र के अन्य किसान भी अब फसल विविधीकरण की ओर आकर्षित हो रहे हैं।
तिल फसल प्रदर्शन के अवलोकन के दौरान सहायक संचालक पंकज श्रीवास्तव, वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी पाटन श्रीमति सीमा राउत, कृषि विस्तार अधिकारी इशिता श्रीवास्तव एवं स्थानीय कृषक उपस्थित रहे।






